सबसे पहले राज्यपाल, मुख्यमंत्री अपने आवास की स्वगणना करेंगे। जनगणना के पहले चरण के तहत निदेशालय ने तैयारी शुरू कर दी है। ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से वीआईपी की स्वगणना होगी।