एसआईआर: सबसे ज्यादा वोट देहरादून में कटे, मतदेय स्थल बढ़े, डीएम ने की त्रुटियों पर सुझाव देने की अपील

देहरादून में मतदेय स्थलों की संख्या 1882 से बढ़कर 2045 हो गई। मतदाता सूची में 11,90,805 मतदाता पंजीकृत हुए हैं। 15 सितंबर को मतदाता सूची का अंतिम रूप से प्रकाशन होगा।एसआईआर में सबसे अधिक वोट करीब 1.89 लाख देहरादून में कटे हैं। जबकि, यहां मतदेय स्थलों की संख्या बढ़ गई है। पहले जिले में 1882 मतदेय स्थल थे जो कि अब बढ़कर 2045 हो गए हैं। जिलाधिकारी ने राजनीतिक दलों को ड्राफ्ट रोल उपलब्ध कराते हुए त्रुटियों पर तत्काल सुझाव देने की अपील की है।जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में उन्होंने राजनीतिक दलों को मतदाता सूची के ड्राफ्ट रोल, एएसडी वोटर, सर्विस वोटर और मतदेय स्थलों (पोलिंग बूथों) की सूची हार्ड व सॉफ्ट कॉपी (पेन ड्राइव) सौंपी है। जिलाधिकारी ने सभी दलों से अपील की है कि यदि सूची में कोई भी विसंगति या त्रुटि नजर आए, तो उसे तुरंत प्रशासन के संज्ञान में लाएं। जिलाधिकारी ने बताया कि प्रकाशित ड्राफ्ट रोल के अनुसार जनपद देहरादून की मतदाता सूची में 11,90,805 मतदाता पंजीकृत है।इसमें 9369 सर्विस मतदाता तथा 10130 दिव्यांग मतदाता शामिल है। जनपद में पहले 1882 मतदेय स्थल थे। नए अनुमोदन के बाद अब इनकी संख्या बढ़कर 2045 हो गई है। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी 10 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों के लिए फोटोयुक्त नामावली, सर्विस वोटर लिस्ट और अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत व डुप्लीकेट मतदाताओं की सूची राजनीतिक दलों को उपलब्ध करा दी गई है। हर विधानसभा क्षेत्र में निर्वाचक और सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों की तैनाती भी की जा चुकी है।उन्होंने बताया कि यदि आपका नाम मतदाता सूची में नहीं है या उसमें कोई सुधार करना है, तो निर्वाचन आयोग ने इसके लिए समय-सीमा तय की है। दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की अवधि 14 जुलाई से 13 अगस्त तक रखी गई है। पात्र नागरिक अपने नजदीकी मतदाता पंजीकरण अधिकारी, सहायक पंजीकरण अधिकारी या बीएलओ से संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा निर्वाचन आयोग की वेबसाइट या मोबाइल एप के जरिए ऑनलाइन आवेदन भी किया जा सकता है। 11 सितंबर तक सभी आपत्तियों का निपटारा कर दिया जाएगा और 15 सितंबर को मतदाता सूची का अंतिम रूप से प्रकाशन होगा।




