नकली दवाइयां बनाने की फैक्ट्री पकड़ी; चार लाख डोज बरामद, यूपी समेत कई राज्यों में होती थी सप्लाई

औषधि नियंत्रण टीम ने आरोपी को पुलिस को सौंप दिया है। इस ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए देहरादून ही नहीं उत्तर प्रदेश से भी औषधि नियंत्रण टीम पहुंची थी।पटेल नगर थानाक्षेत्र के परवल इलाके में स्थित देवीपुर गांव में चल रही नकली दवाइयां बनाने की फैक्ट्री का भंडाफोड़ हुआ है। खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की ने अलग-अलग ब्रांड की दवाइयों की करीब चार लाख डोज बरामद की है। इसकी अनुमानित कीमत करीब 15 लाख रुपये बताई जा रही है।घटना स्थल से मुख्य आरोपी अरुण चौधरी (टुंडा) को पकड़ा गया है। औषधि नियंत्रण टीम ने आरोपी को पुलिस को सौंप दिया है। इस ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए देहरादून ही नहीं उत्तर प्रदेश से भी औषधि नियंत्रण टीम पहुंची थी। जानकारी के मुताबिक फैक्ट्री में बनाई जा रही नकली दवाइयां उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में भेजी जा रही थीं। यहां पर ब्रांडेड दवाइयों के नाम से दवाएं बनाई जा रही थीं। करीब सात अलग-अलग ब्रांडों की नकली दवाइयां तैयार कर बाजार में भेजी जा रही थीं। औषधि की टीम लंबे समय से इस ऑपरेशन को अंजाम देने की योजना बना रही थी।बुधवार दोपहर औषधि नियंत्रण की टीम बड़ी संख्या में पुलिस बल के साथ देवीपुर गांव पहुंची। फैक्ट्री एक किराए के घर में चल रही थी। इससे पहले भी देहरादून और आस-पास के इलाकों से नकली दवाइयां बनाने वाली फर्म का भंडाफोड़ किया गया है। इस दौरान औषधि निरीक्षक मनेंद्र सिंह राणा, विनोद जगूड़ी आदि मौजूद रहे।नकली दवाओं का कारोबार जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर चुनौती है, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता। विभाग को ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। देवीपुर गांव से पकड़ी गई फैक्ट्री के संचालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करवाई की गई है। अभियान लगातार जारी रहेगा।




