भूस्खलन से किमाड़ी-एलकेडी मार्ग फिर हुआ बंद; पत्थर और मलबा गिरने से हर समय रहता है खतरा

मसूरी-किमाड़ी-एलकेड़ी मार्ग शनिवार रात करीब 9:30 बजे बंद हो गया था जिसे रविवार दोपहर कड़ी मशक्कत के बाद यातायात के लिए बहाल किया गया।मसूरी-किमाड़ी-एलकेड़ी मार्ग शनिवार रात करीब 9:30 बजे बंद हो गया था जिसे रविवार दोपहर कड़ी मशक्कत के बाद यातायात के लिए बहाल किया गया।किमाड़ी-एलकेडी मार्ग पर किलोमीटर-14 के पास लगातार भूस्खलन और पत्थर गिरने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शनिवार देर रात को क्षेत्र में हुई भारी बारिश के चलते मार्ग पर मलबा और बोल्डर आने से सड़क रविवार दोपहर तक बंद रही। सड़क बंद होने से मार्ग के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे देहरादून और मसूरी आने-जाने वाले पर्यटकों के साथ स्थानीय लोगों को घंटों परेशानी का सामना करना पड़ा।मसूरी-किमाड़ी-एलकेड़ी मार्ग शनिवार रात करीब 9:30 बजे बंद हो गया था जिसे रविवार दोपहर करीब 3:40 बजे कड़ी मशक्कत के बाद यातायात के लिए बहाल किया गया। पहाड़ी से लगातार पत्थर गिरने के कारण खतरा अब भी बना हुआ है। स्थानीय निवासी राजेश पुंडीर ने बताया कि किलोमीटर-14 अब नासूर बन चुका है। बारिश शुरू होते ही पहाड़ी से पत्थरों और मलबा गिरने लगता है। शनिवार को पत्थर गिरने से दो वाहन क्षतिग्रस्त हो गए थे।स्थानीय लोगों ने प्रशासन और लोक निर्माण विभाग से मांग की है कि दुर्घटनाओं की आशंका को देखते हुए पहाड़ी का स्थायी उपचार और सुरक्षा कार्य के लिए ठोस कार्रवाई शुरू करनी चाहिए। लोक निर्माण विभाग के अपर सहायक अभियंता प्रदीप सिंह शाही ने बताया कि लगातार बारिश के कारण शनिवार रात मार्ग बंद करना पड़ा था। विभाग की टीम ने रविवार दोपहर बाद मार्ग को यातायात के लिए खोल दिया है। मौके पर एक जेसीबी तैनात की गई है। उन्होंने कहा कि पहाड़ी से लगातार पत्थर और मलबा गिर रहा है, इसलिए यात्रियों को इस मार्ग पर अत्यधिक सतर्कता बरतनी चाहिए।




