Home Tuition in Dehradun
Uncategorized

डेटा में सेंध मारकर लोगों के खाते खंगाल रहे साइबर अपराधी, ये हैं नए-नए तरीके, कॉल आए तो रहे अर्लट

डेटा में सेंध मारकर साइबर अपराधी लोगों के खाते खंगाल रहे हैं। डेटा में सेंधमारी के लिए अपराधी हैकिंग, साफ्टवेयर विशेषज्ञों के साथ संस्थान के पूर्व और वर्तमान कर्मचारियों का इस्तेमाल कर रहे हैं।ठगी के नए-नए तरीके ईजाद कर रहे साइबर अपराधी सरकारी विभाग, बैंक और बीमा संस्थानों से लेकर ऑनलाइन सामान बेचने वाली कपंनियों के डेटा में सेंधमारी कर रहे हैं। सरकारी योजना के आवेदकों, बीमा और फाइनेंस कंपनी के ग्राहकों की जानकारी हासिल कर साइबर अपराधी उन्हें अपना शिकार बना रहे हैं।क्षेत्र में ऐसे मामले सामने आए हैं जिनमें साइबर अपराधियों ने सरकारी व निजी संस्थानों को ही उपलब्ध हो सकने वाली निजी जानकारी और सूचनाओं का इस्तेमाल लोगों के साथ ठगी की वारदातों में किया है। योजनाओं के लिए आवेदन करने और बैंक व बीमा उत्पाद खरीद चुके लोग ठगों के पास उनकी व्यक्तिगत सूचनाएं दिए जाने पर ठगों को संबंधित संस्थान का कर्मचारी मानकर बैंक खाते, ओटीपी, पासवर्ड आदि साझा कर लेते हैं। डेटा में सेंधमारी के लिए अपराधी हैकिंग, साफ्टवेयर विशेषज्ञों के साथ संस्थान के पूर्व और वर्तमान कर्मचारियों का इस्तेमाल कर रहे हैं। बाल विकास विभाग में अनुदान के लिए आवेदन करने वाले आवेदकों की जानकारी प्राप्त कर साइबर अपराधियों ने मुंडाखेड़ा खुर्द गांव में 15 से अधिक लोगों को झांसा देकर उनके खाते से डेढ़ लाख से अधिक की रकम निकाल ली।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button